केरल जल्द ही भारत का पहला ऐसा राज्य बनने जा रहा है जिसे “अत्यधिक गरीबी मुक्त” (Extreme Poverty-Free State) घोषित किया जाएगा। मुख्यमंत्री पिनराई विजयन 1 नवंबर 2025 को तिरुवनंतपुरम के सेंट्रल स्टेडियम में इस ऐतिहासिक घोषणा को जनता के सामने करेंगे।
केरल का गरीबी उन्मूलन मिशन: पूरा मामला
केरल सरकार ने वर्ष 2021 में “अत्यधिक गरीबी उन्मूलन मिशन” की शुरुआत की थी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य उन परिवारों की पहचान करना था, जो भोजन, स्वास्थ्य, आवास, और रोजगार जैसी बुनियादी जरूरतों से वंचित थे। मिशन के तहत लगभग 64,006 परिवारों को “अत्यधिक गरीब” के रूप में चिन्हित किया गया था। इस अभियान में स्थानीय निकायों, सरकार, और वॉलंटियर्स ने मिलकर काम किया। अब तक की कोशिशों से 59,727 से अधिक परिवार गरीबी से बाहर आ चुके हैं।
1 नवंबर 2025 का ऐतिहासिक आयोजन
तिरुवनंतपुरम के सेंट्रल स्टेडियम में शाम 5 बजे मुख्यमंत्री पिनराई विजयन इस ऐलान को करेंगे।
इस मौके पर फ़िल्म कलाकार ममूटी, मोहनलाल और कमल हासन जैसे बड़े नाम मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे।
पूरे राज्य में सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।
केरल की बड़ी उपलब्धि क्यों है खास?
नीति आयोग की रिपोर्ट के अनुसार, केरल की गरीबी दर मात्र 0.7% है, जो देश में सबसे कम है।
केरल की इस सफलता के पीछे शिक्षा, स्वास्थ्य, स्थानीय शासन और सामुदायिक भागीदारी का बेहतरीन समन्वय है। यह मॉडल न केवल राज्य के लिए बल्कि पूरे देश के लिए मिसाल बन सकता है।
2021: केरल सरकार ने “अत्यधिक गरीबी उन्मूलन मिशन” की शुरुआत की।
2021-2025 के बीच: लगभग 64,000 अत्यधिक गरीब परिवारों की पहचान और सहायता।अक्टूबर 2025: मिशन के सफल परिणाम सामने आए और सरकार ने घोषणा की कि वे 1 नवंबर 2025 को यह ऐतिहासिक घोषणा करेंगे।
1 नवम्बर 2025: केरल को देश का पहला अत्यधिक गरीबी-मुक्त राज्य घोषित किया जाएगा।
केरल सरकार ने मिलकर, स्थानीय निकायों और वॉलंटियर्स की मदद से गरीबी को कम करने की दिशा में ज़बरदस्त काम किया है। 1 नवंबर को यह घोषणा केरल के लिए एक नई शुरुआत होगी, जिससे राज्य और देश दोनों को गरीबी मुक्त बनाने का संदेश जाएगा।



